कैसे करें तुलसी पूजा !! Kaise Kare Tulsi Puja

       

कैसे करें तुलसी पूजा !! Kaise Kare Tulsi Puja

यह तो आप सब पहले से जानते होंगे की हमारे हिंदू धर्म में तुलसी को पूजनीय स्थान दिया गया है तुलसी अपने आप में सब पोधों में से अलग है तुलसी को पाप का नाश करने वाली भी माना गया है । हिन्दू धर्म में तुलसी पूजन करना श्रेष्ठ माना गया है, क्योंकि इनकी पूजा करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है और पाप का नाश होता है ! यंहा हम आपको तुलसी पूजा की विधि ( tulsi puja ki vidhi ) के बारे में बताने जा रहे हैं ! जिन्हें आप पढ़कर आप भी तुलसी पूजा ( tulsi puja ) सही तरह से कर सकोगें ! सभी तरह की पूजा अर्चना व् धार्मिक कार्यों में तुलसी का प्रयोग व् उपयोग किया जाता है। तुलसी पत्ती से पूजा, व्रत, यज्ञ, जप, होम तथा हवन करने का पुण्य मिलता है। कहते है जिस घर में तुलसी का पौधा है वंहा देवी व् देवता निवास करते है तुलसी जिस भी घर में होती है उस घर की नकारात्मक उर्जा को समाप्त कर देती है घर में सकारात्मक उर्जा का संचय करती है तुलसी का पौधा घर का वास्तु दोष समाप्त भी करती है ! Online Specialist Astrologer Acharya Pandit Lalit Sharma द्वारा बताये जा रहे कैसे करें तुलसी पूजा ( Kaise Kare Tulsi Puja ) के बारे में पढ़कर आप भी तुलसी पूजा ( tulsi puja ) विधि पूर्वक कर सकोगें !! जय श्री सीताराम !! जय श्री हनुमान !! जय श्री दुर्गा माँ !! जय श्री मेरे पूज्यनीय माता – पिता जी !! यदि आप अपनी कुंडली दिखा कर परामर्श लेना चाहते हो तो या किसी समस्या से निजात पाना चाहते हो तो कॉल करके या नीचे दिए लाइव चैट ( Live Chat ) से चैट करे साथ ही साथ यदि आप जन्मकुंडली, वर्षफल, या लाल किताब कुंडली भी बनवाने हेतु भी सम्पर्क करें Mobile & Whats app Number : 7821878500

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कैसे करें तुलसी पूजा !! Kaise Kare Tulsi Puja

तुलसी पूजा सामग्री : tulsi puja samagri 

एक लोटा जल, कच्चा दूध, दही, हल्दी या सिन्दूर या कुमकुम, पुष्प, घी की बत्ती ( घी से भरा हुआ दीपक ), धूपबत्ती, घंटी !

तुलसी पूजा की विधि : tulsi puja ki vidhi

  • सबसे पहले तुलसी के पौधे को नीचे दिए हुए मंत्र का उच्चारण करते हुए जल चढ़ाये ! मंत्र : महाप्रसाद जननी, सर्व सौभाग्यवर्धिनी
             आधि व्याधि हरा नित्यं, तुलसी त्वं नमोस्तुते ।।
  • उसके बाद दूध व् दही अर्पित करें !
  • उसके बाद तुलसी के पौधे को हल्दी या सिन्दूर या कुमकुम का तिलक करें !
  • यह सब करने के बाद धूपबत्ती जलाये व् घी का दीपक या बत्ती जलाये !
  • फिर उसके बाद घंटी बजाते हुए तुलसी की आरती करें !
  • फिर तुलसी नामाष्टक मंत्र का पाठ करें ! 

वृंदा वृंदावनी विश्वपूजिता विश्वपावनी । पुष्पसारा नंदनीय तुलसी कृष्ण जीवनी ।।

एतभामांष्टक चैव स्त्रोतं नामर्थं संयुतम । य: पठेत तां च सम्पूज्य सौश्रमेघ फलंलमेता ।। 

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  • फिर रोजाना शाम के समय तुलसी के पास घी का दीपक जलाये !

तुलसी पूजा के लाभ : tulsi puja ke labh

  • जो भी व्यक्ति रोजाना तुलसी पूजा करता है उसके यंहा धन-संपदा, वैभव, सुख और समृद्धि की प्राप्ति होती रहती है और महलक्ष्मी हमेशा उस पर प्रसन्न रहती हैं !
  • तुलसी की रोज़ाना पूजा करने से आपको हवन जितना पुण्य मिलता हैं !

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मांगलिक दोष निवारण || Mangal Dosha Nivaran

दी गई YouTube Video पर क्लिक करके मांगलिक दोष के उपाय || Manglik Dosh Ke Upay बहुत आसन तरीके से सुन ओर देख सकोगें !

  • तुलसी पूजा करने से मोक्ष की प्राप्ति होती हैं !
  • तुलसी के पास मंत्र का जाप करने से मंत्र जल्दी सिद्द हो जाते हैं !
  • तुलसी पूजा करने से ग्रह शांति होती हैं ! 

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तुलसी पूजा के नियम : tulsi puja ke niyam

  • तुलसी पूजा के बिना भगवान की पूजा पूर्ण नहीं मानी जाती हैं !
  • तुलसी दल को मंगलवार, शुक्रवार, रविवार के दिन और अमावस्या, पूर्णिमा, द्वादशी तिथि के दिन नही तोड़ना चाहिए !

  • तुलसी दल को रात्रि और संध्या काल में भी नहीं तोड़ना चाहिए
  • तुलसी के पौधे को शुक्रवार और रविवार को और सप्तमी तिथि को छूने से मना किया हुआ हैं ! और रविवार के दिन जल भी नही देना चाहिए ! 
  • वायु पुराण में तुलसी पत्र तोड़ने के बारे में लिखा है की : “अस्नात्वा तुलसीं छित्वा यः पूजा कुरुते नरः । सोऽपराधी भवेत् सत्यं तत् सर्वनिष्फलं भवेत् ॥ अर्थात् – बिना स्नान किए तुलसी को तोड़कर जो मनुष्य पूजा करता है, वह अपराधी है । उसकी की हुई पूजा निष्फल जाती है, इसमें कोई संशय नहीं।
  • तुलसी का सुखा पौधा नही रखना चाहिए !
  • तुलसी दल को शिवलिंग और भगवान गणेश जी को अर्पित करना वर्जित हैं ! 

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